कलयुग जब आगमन की ओर था तो सभी प्रमुख देवी देवताओं ने आर्यावर्त के अलग अलग स्थान चुन लिए ! भोले बाबा ने कैलाश चुन लिया तो श्री हरि क्षीर सागर चले गये माता रानी ने बाण गंगा कटरा कश्मीर चुन लिया……. सबने अपनी अपनी पसंद का निवास स्थान चुन लिया ।। इधर रामायण काल महाभारत काल दोनों युद्धों के प्रणेता श्री मारुति नंदन इसी धरा पर विराजमान रह गये…वो भी सशरीर। इसके पीछे कारण था की उनको उन सभी लोगों से प्रेम था जिनको प्रभु श्री राम प्रिय थे। हनुमान जी को राम कथा सुननी थी, यह धरती पर Read More
कार्यक्रम सूचनाएं
मंगलमान अभियान के अंतर्गत विश्व संवाद केंद्र लखनऊ में एक बैठक का आयोजन हुआ जिसमें मंगल सेवकों ने आगामी बड़े मंगल...
मंगलमान अभियान के अंतर्गत आज विश्व संवाद केंद्र, लखनऊ में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में आगामी...
"राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के गौ सेवा प्रमुख श्री नवल किशोर जी ने मंगलमान कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए भारत की प्राचीन...
लखनऊ, 26 मार्च 2026: लखनऊ की ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक धरोहर 'बड़ा मंगल' को इस वर्ष एक नई ऊँचाई प्रदान करने के...
साल 2026 में ज्येष्ठ मास 'अधिक मास' के कारण बेहद खास होने वाला है। जानें 2026 में बड़ा मंगल की सटीक...