सामाजिक समरसता का महा-संगम

📜 इंदिरा नगर में सिंधी समाज ने छठे बड़े मंगल पर लगाया छप्पन भोग सा भव्य भंडारा “हर दिन मंगल हो, हर मंगल बड़ा मंगल हो, बड़ा मंगल से राष्ट्र मंगल हो” लखनऊ। ज्येष्ठ मास का छठा बड़ा मंगल (99 जून 2026) राजधानी लखनऊ के लिए एक ऐसी याद छोड़ गया जिसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा। इंदिरा नगर के बी-399, गुरुकुल एकेडमी के समीप आयोजित हुए एक भव्य भंडारे ने यह साबित कर दिया कि बड़ा मंगल का यह महापर्व अब केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं रह गया है, बल्कि यह विभिन्न समाजों को एक सूत्र में पिरोने Read More

विकास नगर में अनुशासन का अनूठा दरबार

📜 छठे बड़े मंगल पर योगेश जी के भंडारे में दिखी ‘मंगलमान’ के आदर्शों की भव्य झलक “हर दिन मंगल हो, हर मंगल बड़ा मंगल हो, बड़ा मंगल से राष्ट्र मंगल हो” लखनऊ। ज्येष्ठ मास के छठे बड़े मंगल (9 जून 2026) पर राजधानी लखनऊ का कोना-कोना बजरंगबली की भक्ति में लीन नजर आया। इसी श्रृंखला में विकास नगर के सेक्टर-2 (योगेश मेडिकल स्टोर एवं ओम जर्मन होम्योपैथिक स्टोर के समीप) में आयोजित विशाल भंडारे ने अपनी अद्भुत सुंदरता, अद्वितीय स्वच्छता और उच्च कोटि की व्यवस्था से हर आने-जाने वाले श्रद्धालु का दिल जीत लिया। यह भंडारा केवल प्रसाद वितरण Read More

सेवा, संस्कार और पारिवारिक मिलन

📜 आशियाना में श्री मुक्तिनाथ सिंह जी के वर्षों पुराने भंडारे ने दिया ‘अमंगल’ को मिटाने का महा-संदेश “हर दिन मंगल हो, हर मंगल बड़ा मंगल हो, बड़ा मंगल से राष्ट्र मंगल हो” लखनऊ। ज्येष्ठ मास के छठे बड़े मंगल (9 जून 2026) पर लखनऊ का आशियाना क्षेत्र एक ऐसे भंडारे का साक्षी बना, जो केवल श्रद्धालुओं की क्षुधा शांत करने का माध्यम नहीं है, बल्कि वह सेवा का पर्याय होने के साथ-साथ एक महान पारिवारिक और सामाजिक चेतना का जीवंत केंद्र भी है। यह भंडारा आयोजित किया गया मंगलमान अभियान के वरिष्ठ कार्यकर्ता श्री मुक्तिनाथ सिंह जी, उनके परिवार Read More

आज के समय में सबसे बड़ी समस्या

आज के समय में सबसे बड़ी समस्या यह हो गई है कि इंसान जहां होता है, उसका मन वहां नहीं होता। कई बार आप किसी से बात कर रहे होते हैं, लेकिन अचानक ध्यान कहीं और चला जाता है। सामने वाला क्या बोल रहा था, वह भी याद नहीं रहता। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि मन वर्तमान में नहीं रहता। या तो बीते हुए कल में उलझा रहता है, या आने वाले कल की चिंता और प्लानिंग में खोया रहता है। धीरे-धीरे यही आदत इंसान को “एब्सेंट माइंडेड” बना देती है। फिर व्यक्ति कहीं घूमने जाए, लोगों से मिले, अच्छा Read More

डिस्पोजेबल के बजाय स्टील के बर्तनों का चयन क्यों?

सनातन परंपरा में दान और भंडारे का विशेष महत्व है। अक्सर हम अपनी श्रद्धा के अनुसार आयोजन तो करते हैं, लेकिन अनजाने में कुछ ऐसी गलतियां कर बैठते हैं जो प्रकृति और ज्योतिषीय ऊर्जा के विरुद्ध होती हैं। वर्तमान समय में प्लास्टिक और थर्माकोल का बढ़ता उपयोग हमारे पुण्य कर्मों के प्रभाव को कम कर रहा है। मंगल और स्वच्छता का गहरा नाता ​ज्योतिष शास्त्र में मंगल को ‘धातु’ का स्वामी माना गया है। मंगल की शुद्ध ऊर्जा ‘स्वच्छता’ और ‘अनुशासन’ में निहित है। इसके विपरीत, गंदगी और कचरा राहु का कारक है। ​प्लास्टिक या थर्माकोल का कचरा फैलाना राहु Read More

भारत की समृद्धि का आधार: गौ-संस्कृति

“राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के गौ सेवा प्रमुख श्री नवल किशोर जी ने मंगलमान कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए भारत की प्राचीन समृद्धि और गौ-संस्कृति के महत्व पर प्रकाश डाला। जानिए कैसे ‘गौ-व्रती परिवार’ बनकर हम राष्ट्र मंगल के संकल्प को सिद्ध कर सकते हैं।”

बड़ा मंगल ‘स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण’ का वैश्विक मॉडल बने- श्री गोपाल आर्य

लखनऊ, 26 मार्च 2026: लखनऊ की ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक धरोहर ‘बड़ा मंगल’ को इस वर्ष एक नई ऊँचाई प्रदान करने के लिए ‘मंगलमान अभियान’ द्वारा विशेष बैठकों का आयोजन किया गया। इन बैठकों का केंद्र बिंदु राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय पर्यावरण गतिविधि संयोजक, श्रीमान गोपाल आर्य जी का गरिमामयी मार्गदर्शन रहा। उन्होंने मंगलमान के प्रयासों की सराहना करते हुए आह्वान किया कि इस वर्ष ‘बड़ा मंगल’ को केवल भव्यता और दिव्यता तक सीमित न रखकर, इसे ‘स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण’ का एक वैश्विक मॉडल बनाया जाए। श्री आर्य ने ‘अवेयरनेस, पार्टिसिपेशन और मूवमेंट’ का त्रिसूत्रीय मंत्र देते हुए Read More

‘शून्य अपशिष्ट और हरित भंडारा’ बड़ा मंगल 2026 का संकल्प

लखनऊ की ऐतिहासिक ‘बड़ा मंगल’ परंपरा को इस बार ‘शून्य अपशिष्ट’ (Zero Waste) का संकल्प मिल रहा है। जानिए कैसे श्री गोपाल आर्य जी के मार्गदर्शन और मंगलमान अभियान की नई पहल के माध्यम से हम प्लास्टिक मुक्त ‘हरित भंडारा’ आयोजित कर परंपरा और प्रकृति का अनूठा संगम बना सकते हैं। आइए, इस पावन उत्सव को ‘राष्ट्र मंगल’ की ओर ले चलें

मंगलमान इंटर्नशिप प्रोग्राम 2025 का समापन

अध्यक्ष गणेश ताम्रकार ने किया मार्गदर्शन, विशिष्ट अतिथि ने दिया ‘शक्ति-भक्ति-युक्ति’ से राष्ट्र मंगल का मंत्र लखनऊ, 30 नवंबर 2025:सामाजिक, सांस्कृतिक और पर्यावरणीय चेतना के संवर्धन हेतु समर्पित मंगलमान इंटर्नशिप प्रोग्राम (MIP) 2025 का प्रमाण पत्र वितरण समारोह आज मंगलमान कार्यालय, 235, विजय नगर, कृष्णा नगर, कानपुर रोड, लखनऊ पर भव्यता से संपन्न हुआ। दो माह के गहन हाइब्रिड प्रशिक्षण के बाद, कुल 62 पंजीकृत प्रतिभागियों में से 57 युवा इंटर्न्स ने सफलतापूर्वक यह कार्यक्रम पूरा किया और उन्हें समारोह में सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का प्रारंभ और अध्यक्षताकार्यक्रम का प्रारंभ भारत माता के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया Read More

पानी की एक्सपायरी डेट

पानी की एक्सपायरी डेट क्या है…⁉️ जहां नल का पानी हर दिन आता है, वहाँ पानी हर दिन बासी हो जाता है और हर दिन बहा (फेंक) दिया जाता है।एक्सपायरी तिथि 1 दिन 🚰🚰🚰🚰🚰🚰🚰 जहाँ 2 दिन में नल आता है, वहाँ 2 दिन में पानी बासी हो जाता है,और बहा दिया जाता है। 🦠🦠🦠🦠🦠🦠🦠 जहां आठ दिन बाद पानी आता है, वहाँ आठ दिन बाद पानी बासी हो जाता है। 🚰🚰🚰🚰🚰🚰🚰 शादी समारोह में अगली बिसलरी का सामना होते ही हाथ में रखी पानी की आधी बोतल को फेंक दिया जाता है‼️ रेगिस्तान में यात्रा करते समय पानी तब Read More