हिन्दू कैलेंडर में ज्येष्ठ का महीना तीसरा महीना होता है. ज्येष्ठ का महीना वैशाख के महीने के बाद आता है. माना जाता है कि ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन ही चंद्रमा ज्येष्ठा नक्षत्र में होता है. इसलिए इस महीने को ज्येष्ठ नाम दिया गया है. अंग्रेजी कैलेंडर में यह महीना हमेशा मई और जून के महीने में ही आता है। इस महीने में सूर्य अत्यंत ताक़तवर होता है, इसलिए गर्मी भी ज्यादा होती है. सूर्य की ज्येष्ठता के कारण इस माह को ज्येष्ठ कहा जाता है. ज्येष्ठा नक्षत्र के कारण भी इस माह को ज्येष्ठ कहा जाता है. सूर्य अपने भीषण Read More
लखनऊ में भण्डारा लगाने वालो के लिए जेठ का महीना विशेष महत्व रखता है। इस महीने में श्री हनुमान जी के प्रति श्रृद्धा और भक्ति भाव से सड़को पर हजारो-हजार भण्डारे प्रत्येक मंगलवार में लगाये जाते। आयोजनकर्ताओ द्वारा श्री हनुमान जी की पूजा-पाठ करने के बाद भोग लगाया जाता और फिर भण्डारे में प्रसाद का वितरण होता है। इन भण्डारो के बारे में यह आस्था है कि जिन भक्तों के साल भर सारे कार्य मंगलमय होते] वे मानते है कि सारे कार्य श्री हनुमान जी की कृपा से सफल हुए। इसी भाव से जेठ के महीने में प्रत्येक मंगलवार को Read More
राष्ट्रीय एकता मिशन मानना है कि राष्ट्र की उन्नति के लिए सभी को निहित स्वार्थो को छोड़ जाति – भाषा -धर्म से ऊपर उठकर राष्ट्र देवो भवः की भावना से कार्य करना चाहिए। मिशन अपने अनेक कार्यक्रमों के माध्यम से इसी भाव का जागरण कर रहा है. मिशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ हरमेश चौहान ने कहा कि मिशन पूरी ताकत इस अभियान में लगाएगा। भूखे को भोजन और प्यासे को पानी पिलाने से बढ़कर कोई धर्म नहीं है। अतः भंडारे की परंपरा प्राणी मात्र की सेवा का सर्वोत्तम साधन है। यही कारण है कि सभी मत- पंथ- संप्रदाय, जाति- बिरादरी Read More
मंगलमान अभियान की प्रेस वार्ता में मेयर श्रीमती संयुक्ता भाटिया ने सभी भंडारा एवं प्याऊ आयोजकों से आग्रह किया कि वे पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वाली पॉलिथीन जैसी चीजों का प्रयोग ना करें स्वच्छता में ईश्वर का वास होता है। अतः भंडारे के आसपास के आसपास सफाई का विशेष ध्यान रखें। भक्तजनों को भी दोने, पत्तल, गिलास निर्धारित स्थान पर ही फेकने चाहिए। अच्छा रहेगा कि आयोजन स्थल पर बोरे का प्रयोग किया जाये और भर जाने पर मुह बांध दिया जाय। नगर निगम की गाड़ी उसे निर्धारित स्थान से उठा कर निष्पादन का कार्य करेगी। लखनऊ नगर निगम कदम Read More
मंगलमान आयोजन समिति ऐसे सभी जननायको का अभिनन्दन एवं सम्मान करना चाहती है जो मंगल का मानवर्धन कर रहे है. सभी भंडारा आयोजकों को एकसूत्र में पिरोना और धार्मिक आयोजनों को सामाजिक सरोकारों से जोड़ कर परंपरा को सुदृढ़, सशक्त, प्रभावी बनाना है. www.mangalman.in पोर्टल इस आयोजन से जुड़े सभी पहलुओं के लिए एक सुलभ प्लेटफॉर्म की तरह है. कोई भी आयोजक इस पर आकर अपने आयोजन की जानकारी दे सकता है और इस अभियान से जुड़ सकता है. वहीँ ऑफलाइन नंबर 8652146768 (अनूप जी), 9792399201 ( पंकज जी ) पर कॉल करके भी अपना विवरण और मंगल सन्देश नोट Read More
जेठ का पहला बड़ा मंगल 21 मई को पड़ेगा। 19 मई से जेष्ठ माह शुरू हो रहा है। 21 मई को जेष्ठ मास की कृष्ण तृतीया से बड़े मंगल की शुरुआत हो रही है। इस दिन चंद्रमा धनु राशि मे रहेगा, जो मंगल की मित्र राशि है। फलदायक है। दुसरा बड़ा मंगल 28 मई को पूर्वाभाद्रपद नक्षेत्र मे पड़ेगा। पूर्वाभाद्रपद का स्वामी गुरु है जिसका ख़ास प्रभाव रहेगा। तीसरा बड़ा मंगल 4 जून को शुक्ल पक्ष प्रतिपदा के साथ मृगशिरा नक्षत्र है। इसका स्वामी मंगल हा। शुभ है। चौथा मंगल 11 जून को उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र के साथ कर्क राशि रहेगी। Read More
ज्योतिषाचार्य बताते हैं कि 19 मई से जेठ शुरू हो रहा है और 21 मई को ज्येष्ठ मास की कृष्ण तृतीया से बड़े मंगल की शुरूआत हो रही है। इस बार कुल ४ बड़े मंगल होंगे। जेठ का पहला बड़ा मंगल 21 मई को पड़ेगा। इसे लेकर मंदिरों में तैयारियां शुरू हो गई हैं। दुनिया रचने वाले को भगवान कहते है और संकट हरने वाले को हुनमान कहते है। राम के अनन्य भक्त हनुमान जी संकट हरने वाले देवता माने जाते है। संकट कैसा भी पर हनुमान जी उसे पल भर में दूर करने की क्षमता रखते है। किन्तु भक्ती, Read More
२०१८ में थे ९ बड़े मंगल ज्येष्ठ माह के 2018 में अधिक मास (पुरुषोत्तम मास) होने की वजह से नौ बड़े मंगल थे। इनमें मई में पांच और जून माह में चार बड़े मंगल थे। हर चौथे साल में ऐसा होता है। मई माह – एक मई, आठ मई, 15 मई, 22 मई, 29 मई जून माह – पांच जून, 12 जून, 19 जून, 26 जून