करे योग, रहे निरोग

कोई बात नहीं कियोगा बन गया योगनाम कुछ भी लीजियेपर इसको करें रहें निरोग योग दिवस बस समझियेमिशन आपको समझाने कारोज रोज अपनाना इसकोआदत में इसे डालने का आठों अंग इसके समझियेयम, नियम, आसन, प्राणायामप्रत्याहार, धारणा, ध्यान, समाधिसबको जानकर बनेगा काम कुछ सालों से देख रहे हैंदुनिया ने इसे खूब अपनाया हैकुछ ने बस बात की है इसकीपर जिसने किया पूरा फल पाया है बस एक बात और कहनी हैअपने गुरुओं की ठीक से सुनिएख़ुद Read More

प्रकृति – पीड़ा

प्रकृति ने बनाया; एक अद्भुत धरा को, नदियों से सजाया; पर्वतों की शृंखला को; पौधों से भरा था; फल-फूल भी लदा था, ऐसी सुसज्जित बगिया; मानव को मिला था प्रकृति ने बनाया;….. सूरज की ऊर्जा से सभी थे प्रफुल्लित; चाँद की शीतलता कर रही थी हर्षित; नदियों की कल कल, पवन की हलचल बारिश की अठखेलियों में, पौधे भी थे चंचल; प्रकृति ने बनाया’’’’’ युगों युगों में आया एक युग ये “कलयुग” स्वार्थ-जाल अपना, जब Read More

आयुर्वेद समग्र स्वास्थ्य विज्ञान

आयुर्वेद संसार की सर्वाधिक जटिल यांत्रिकी “मानवदेह” की स्वास्थ्य-रक्षा एवं वैसे ही स्वास्थ्य को अनवरत साधने के लिए प्रजापति “ब्रह्मा” ने आयुर्वेद को उत्पन्न किया था। संसार में सुखमूलक आयुष्य के सन्तुलन हेतु इस ज्ञान को प्रजापति “दक्ष” को दिया गया। किंतु अहंकारवश “दक्ष” ने आयुष्य के इस विलक्षण ज्ञान को देवताओं का तक सीमित कर दिया!वे चाहते थे कि “आयुर्वेद” के अन्तिम ज्ञाता “अश्विनीकुमार” ही हों, ताकि मनुष्य सदा-सर्वदा देवताओं का आश्रित बना रहे Read More

हनुमान जी का कर्ज़ा……

राम जी लंका पर विजय प्राप्त करके आए तो कुछ दिन पश्चात राम जी ने विभीषण, जामवंत, सुग्रीव और अंगद आदि को अयोध्या से विदा कर दिया। तो सब ने सोचा हनुमान जी को प्रभु बाद में विदा करेंगे, लेकिन राम जी ने हनुमान जी को विदा ही नहीं किया। अब प्रजा बात बनाने लगी कि क्या बात है कि सब गए परन्तु अयोध्या से हनुमान जी नहीं गये। अब दरबार में कानाफूसी शुरू हुई Read More

Hanuman Chalisa in English

हनुमान चालीसा का अंग्रेजी में अनुवाद Read and fell blessed!! ?????? श्रीगुरु चरन सरोज रजIn the Lotus feet of my teacher/Guardian निज मन मुकुर सुधारि।I purify the mirror of my heart बरनउँ रघुबर बिमल जसुI illustrate the story of immaculate Rama जो दायकु फल चारि॥which bestows four fruits (The 4 Purusharth : desire, prosperity, righteousness, liberation) बुद्धिहीन तनु जानिकैConsidering myself as frail & unwise सुमिरौं पवनकुमार।I contemplate Son of Wind (Hanuman) बल बुद्धिविद्या देहु मोहिंto Read More

हनुमान जी के 108 नाम

हनुमान की उपासना से जीवन के सारे कष्ट, संकट मिट जाते है। माना जाता है कि हनुमान एक ऐसे देवता है जो थोड़ी-सी प्रार्थना और पूजा से ही शीघ्र प्रसन्न हो जाते है। मंगलवार और शनिवार का दिन इनके पूजन के लिए सर्वश्रेष्ठ हैं। उनके 108 पवित्र नाम… 1.आंजनेया : अंजना का पुत्र 2.महावीर : सबसे बहादुर 3.हनूमत : जिसके गाल फुले हुए हैं 4.मारुतात्मज : पवन देव के लिए रत्न जैसे प्रिय 5.तत्वज्ञानप्रद : Read More

हर दिन बड़ा मंगल हो

?️?️?️ बड़ा मंगल मंगल होहर दिन बड़ा मंगल हो विकट आपदा काल में मंगलमान अभियान है स्वेद कणों से सींचते माँ भारती अभिमान है घर घर मंगलगान हो कहीं न कोई दंगल हो बड़ा मंगल मंगल हो हर दिन बड़ा मंगल हो सेवा का जो व्रत लिये पूर्ण उसे अब करना है भूखे पेट रहे न कोई संकल्प यही करना है कर्मवीर सब युद्ध लड़ें जंगल में भी मंगल हो बड़ा मंगल मंगल हो हर Read More

जब हनुमान जी की मूर्ति ज्यादा प्रसन्न हो गयी

‘‘जय हनुमान ज्ञान गुण सागर’’ लाउडस्पीकर पर अमिताभ बच्चन की गायी हुई हनुमान चालीसा बज रही थी। केसरिया रंग के पंडाल के पर्दे हवा से मानो झूम कर नृत्य कर रहे थे। काउन्टर के एक तरफ हनुमान जी की फ्रेम की हुई फोटो, जिस पर माला चढ़ी थी। काउंटर के पीछे कई लोग श्रद्धालुआें को पूड़ी-सब्जी, बूंदी, शरबत व पानी बाँट रहे थे। काउन्टर के दूसरी तरफ़ लगी भीड़ में सब एक दूसरे का ध्यान Read More

मंदिरों में बँटे अब यही प्रसाद

मंदिरों में बँटे अब यही प्रसाद, एक पौधा और थोड़ी सी खाद हर मस्जिद से यही अजान, दरख्त लगाए हर इंसान। अब गूंजे गुरूद्वारों में वानी, दे हर बंदा पौधों को पानी। सभी चर्च दें अब ये शिक्षा, पौधारोपण यीशु की इच्छा। “नित हो रहीं हैं सांसें कम! आओ पेड़ लगाऐं हम! पेड़ लगाये जीवन बचायें! यह संदेश जन-जन तक पंहुचाये !

चलो चलो रे भा‌ई चलो चलो …..

दूसरे मंगल के अवसर D-315, Indira Nagar, Lucknow – 226016 पर भंडारा लगाने वाले श्री राकेश पुरी जी ने अपना मंगल सन्देश इन पंक्तियों के माध्यम से व्यक्त किया है. मेरे दर मंगल भंडारा लागा चलो चलो रे भा‌ई चलो चलो ।प्रसाद जो ले है वही सुहागा चलो चलो रे भा‌ई चलो चलो । श्रद्धा सित दीप जलाया हैकर जोर प्रभू को बुलाया है ।प्रभु राम लखन संग आयेंगे भक्तों की आस पुजायेंगे ।ले अक्षत, Read More